Aligarh Municipal Corporation: नाव खरीद घोटाले काे भूला नगर निगम, नहीं आए जांच के नतीजे

अलीगढ़,जागरणसंवाददाता।नगरनिगममेंचारसालपहलेहुएनावखरीदघोटालेकीजांचकोभीएकसालबीतचुकाहै,लेकिनजांचकेनतीजेनहींआसके।पूरेप्रकरणकीजांचकेलिएजोटीमबनाईगईथी,उसमेंकुछकेतबादलेहोगएऔरकुछसेवानिवृत्तहोचुकेहैं।नईटीमगठितनहींकीगई,नहीघोटालेकीफाइलफिरसेखुली।घोटालेकीजांचकेआदेशदेनेवालेकमिश्नरकाभीतबादलाहोचुकाहै।जांचकोप्रभावितकरनेकेप्रयासतोपहलेहीशुरूहोचुकेथे।जांचअधिकारीतत्कालीनसहायकनगरआयुक्तनेप्रकरणसेसंबंधितरिपोर्टईओसेमांगीथी,जोउपलब्धनहींहोसकी।जबकि,कमिश्नरनेशीघ्रजांचपूरीकरदोषीअधिकारी,कर्मचारियोंकेखिलाफकार्रवाईकेनिर्देशदिएथे।

बीतेसालकमिश्नरजीएसप्रियदर्शीनेएकशिकायतकेआधारपरनौनवंबरकोप्रकरणकीजांचकेसंबंधमेंनगरआयुक्तकोलिखितआदेशदिएथे।शिकायतमेंबतायागयाकि23जुलाई2017कोतत्कालीननगरआयुक्तसंतोषकुमारशर्माकेनिर्देशपरअचलसरोवरवपोखरोंकीसफाईकेलिएपैडलबोट(नाव)खरीदीगई,जिसकीकीमत47हजाररुपयेथी।टैक्सव12हजाररुपयेकाभाड़ाजोड़करकुल61,350काभुगतानपश्चिमीबंगालकीविश्वकर्माइंडस्ट्रीजकोकियागयाथा।ज्यादाइस्तेमालनहोनेकेबादभीनावकंडमहोगई,जोजवाहरभवनपड़ीहै।बादमेंदोऔरनावखरीदलीगईं।जिनकीकीमतकरीबसवालाखरुपयेहै।कमिश्नरकेआदेशमेंसवालउठाएगएकितीनसालपूर्वखरीदीगईनावकंडमकैसेहोगई?यहभीसंभवहैकिनावकीगुणवक्तासंतोषजनकनरहीहो,जिससेनावकीयहहालतहुई।कमिश्नरनेदोषीअधिकारीवकर्मचारियोंकेखिलाफकार्रवाईकेनिर्देशभीदिएथे।

पत्रावलियांतलब

तत्कालीननगरआयुक्तप्रेमरंजनसिंहनेप्रकरणमें11नवंबरकोसहायकनगरआयुक्तराजबहादुरसिंहकेनेतृत्वमेंटीमगठितकरदी।इसमेंलेखाधिकारीराजेशगौतमवअधिशासीअभियंताअशोककुमारभाटीकोभीरखागया।सहायकनगरआयुक्तनेवर्कशापप्रभारीकाकार्यभारदेखरहेनगरस्वास्थ्यअधिकारीडा.शिवकुमारसेनावकीखरीदसंबंधितपत्रावलियांतलबकरलीं।सहायकनगरआयुक्तकाकहनाथाकिप्रकरणसेसंबंधितकुछपत्रावलियांमिलगईहैं।लेकिन,ईओरिपोर्टउपलब्धनहींकराई।इसकेचलतेजांचपूरीनहींहोसकीहै।कुछदिनोंबादहीकमिश्नर,नगरआयुक्त,सहायकनगरआयुक्त,लेखाधिकारीकातलाबदाहोगया।नगरस्वास्थ्यअधिकारीसेवानिवृत्तहोगए।इसकेबादजांचकीफाइलखुलनसकी।