भेदभावपूर्ण हैं मणिपुर मुठभेड़ों की न्यायिक जांच : सेना ने उच्चतम न्यायालय से कहा

नयीदिल्ली,19अप्रैल:भाषा:मणिपुरमेंसैनिकोंपरलगेबलात्कारऔरहत्याकेआरोपोंपरचुपरहनेकोलेकरउच्चतमन्यायालयकीफटकारसुननेकेएकदिनबादआज,सेनानेकहाकिइनआरोपोंपरकीगयीन्यायिकजांचभेदभावपूर्णहैऔरसिर्फस्थानीयकारकोंकीवजहसेउनकेखिलाफहैं।सेनानेआरोपलगायाकिकथितहत्याओंकीजांचकरनेवालेजिलान्यायाधीशस्थानीयलोगहैंऔरस्थानीयकारकइनजांचरिपोर्टोंमेंआड़ेआरहेहैं,जोसेनाकेखिलाफगयेहैं।अटॉर्नीजनरलमुकुलरोहतगीनेन्यायमूर्तिएम.बी.लोकुरऔरन्यायमूर्तियूयूललितकीपीठकोबताया,प्रत्येकमामलेमेंदिक्कतयहहैकिन्यायिकजांचकाझुकावहमारेखिलाफहै।जिलान्यायाधीशद्वाराकीगयीन्यायिकजांच,हमारेखिलाफजारहीहैक्योंकिउनकीअपनीस्थानीयआशंकाएंअथवास्थानीयस्थितिहै।सेनाकाकामअपनेलोगोंकीहत्याकरनानहींहै।उदाहरणदेतेहुएरोहतगीनेकहाकिसेनाकिसीआवासीयक्षेत्रमेंछुपेदोआतंकवादियोंपरकार्रवाईकरतीहैऔरदोनोंओरसेहोरहीगोलीबारीमेंकुछलोगमारेजातेहैं,ऐसेमेंइनमौतोंकेलिएउसेदोषीनहींठहरायाजासकता।रोहतगीनेकहा,हमेअपनेदेशमेंहैं।यदिसेनापरअविश्वासकियाजाएगा,तोपूरातंत्रबर्बादहोजाएगाऔरकामनहींकरसकेगा।जांचअधिकारीअपनेस्थानीयकारणोंसेपक्षपातीरहे।उन्होंनेकहाकिन्यायिकजांचउच्चन्यायालयनहींकीहै,उसनेन्यायेत्तर-हत्याओंकीजांचकानिर्देशजिलान्यायाधीशकोदिया।उन्होंनेकहाकिमणिपुरमेंसेनाबहुतमुश्किलहालातमेंकामकररहीहैऔरउसपरविश्वासकरनेकीजरूरतहै,क्योंकिवहअपनेहीलोगोंकीहत्यानहींकरसकतीहै।