मुजफ्फरपुर आश्रय गृह कांड: टीआईएसएस की परियोजना को पीड़ितों और परिजन से बात की अनुमति मिली

नयीदिल्ली,18जुलाई(भाषा)उच्चतमन्यायालयनेटाटाइंस्टीट्यूटआफसोशलसाइंसेज(टीआईएसएस)कीकार्यपरियोजना‘कोशिश’कोमुजफ्फरपुरआश्रयगृहयौनहिंसामामलेकीपीड़ितोंऔरउनकेपरिजनोंसेबातचीतकरनेकीबृहस्पतिवारकोअनुमतिप्रदानकरदीताकिवहउनकेपुनर्वासकीयोजनातैयारकरसके।टीआईएसएसकीरिपोर्टसेहीबिहारकेमुजफ्फरपुरमेंएकगैरसरकारीसंगठनद्वारासंचालितआश्रयगृहमेंअनेकलड़कियोंकेयौनशोषणकामामलासुर्खियोंमेंआयाथा।शीर्षअदालतकोकेन्द्रनेसूचितकियाकिवहबच्चोंकेयौनशोषणकीघटनाओंपरअंकुशलगानेकेइरादेसेचारसेछहमहीनेकेभीतरहीबालसंरक्षणनीतिकोअंतिमरूपदेदेगा।न्यायमूर्तिएनवीरमण,न्यायमूर्तिएमएमशांतनगौडरऔरन्यायमूर्तिअजयरस्तोगीकीपीठकीअध्यक्षतावालीपीठनेबिहारसरकारकेएकआवेदनपरसुनवाईकेदौरानटिसकोयहअनुमतिप्रदानकी।राज्यसरकारमुजफ्फरपुरआश्रयगृहके44बच्चोंकोउनकेपरिवारोंकोसौंपनेकीअनुमतिचाहतीहै।पीठनेइसतरहकाआवेदनदायरकरनेपरराज्यसरकारसेसवालकियेऔरटिप्पणीकीकि‘‘रोजानाहमबिहारकीसमस्यासेरूबरूहोरहेहैं।क्याहरसमस्याका(बिहारकी)समाधानन्यायालयकोहीकरनाहोगा?’’बिहारसरकारकेवकीलनेकहाकिमुजफ्फरपुरआश्रयगृहकेबच्चोंकोइससमयअलग-अलगबालदेखरेखसंस्थाओंमेंरखागयाहैऔरइनमेंसेकुछकेव्यवहारमेंआक्रामकतानजरआरहीहैऔरवेखुदकाअहितकरनेमेंसंलिप्तहोरहेहैं।वकीलनेकहा,‘‘वे(कुछबच्चे)महसूसकरतेहैंकिवेबंधकहैंऔरउन्हेंज्यादासंरक्षणवालेमाहौलमेंरखागयाहै।उन्होंनेइनसंस्थाओंसेभागनेकेभीप्रयासकियेहैं।’’इसमामलेमेंन्यायमित्रअधिवक्ताअपर्णाभटनेपीठकोसूचितकियाकिमुजफ्फरपुरकांडकेमुकदमेकीसुनवाईचलरहीहैऔरइसप्रकरणमेंहत्याकेपहलूकीजांचकेन्द्रीयजांचब्यूरोकररहाहै।उन्होंनेकहाकिइससालजूनमेंशीर्षअदालतनेजांचब्यूरोकोसंदिग्धहत्याओंसहितसारेमामलेमेंअपनीजांचपूरीकरनेकेलियेतीनमहीनेकावक्तदियाथा।न्यायालयनेजांचब्यूरोकोइसअपराधमें‘बाहरीव्यक्तियों’कीभूमिकाकीसंलिप्तताकापतालगानेकेलियेअपनीजांचकादायराबढ़ानेकाभीनिर्देशदियाथा।भटनेकहाकिइनबच्चोंकापुनर्वासकरनाहोगालेकिनउन्हेंउनकेपरिवारोंपासभेजनाउनकेलियेअच्छानहींहोगा।उन्होंनेकहाकिइनबच्चोंकोदेखभालऔरसहयोगकीजरूरतहै।इनबच्चोंकोउनकेपरिवारकोसौंपनेसेकुछनहींहोगा।मुजफ्फरपुरप्रकरणकेआरोपीप्रभावशालीलोगहैंऔरवेमुकदमेकीसुनवाईहोनेतकउनकेपरिवारोंतकपहुंचसकतेहैं।टीआईएसएसकीओरसेअधिवक्तावृन्दाग्रोवरनेकहाकिअप्रैलमहीनेमेंयूनिसेफकेसदस्योंकेसाथराज्यसरकारकेसमाजकल्याणविभाग,कोशिशऔरअन्यकीबैठकमेंपुनर्वासयोजनापरचर्चाहुयीथी।उन्होंनेकहाकिपुनर्वासयोजनातैयारनहींहोसकीक्योंकिइसकेलियेप्रत्येकबच्चेऔरउनकेपरिवारकेसाथचर्चाकरनेकीआवश्यकताहै।ग्रोवरनेकहाकिइन44बच्चोंमेंसेअनेकमुजफ्फरपुरप्रकरणमेंगवाहहैंलेकिनइससमयमुख्यकामतोइनकीभलाईकीओरध्यानदेनेकाहै।इसपरपीठनेकहा,‘‘सवालयहहैकिइसकारास्ताक्याहै?हमेंइसकासमाधानकैसेकरनाचाहिए।’’पीठनेसाथहीयहभीजाननाचाहाकिहत्याओंकेबारेमेंक्याहुआऔरकितनीहत्यायेंहुयींथीं।भटनेकहाकिलड़कियोंकेबयानोंकेअनुसारआश्रयगृहमेंतीनलड़कियोंकीहत्याकीगयीथीऔरजांचब्यूरोकोजांचमेंअस्थियांमिलीहैं।पीठनेकहाकिवह‘कोशिश’कोबच्चोंऔरउनकेपरिजनोंकेसाथमिलनेऔरबातचीतकरनेकीअनुमतिदेगीऔरवहचारसप्ताहकेभीतरअपनीरिपोर्टपेशकरेगी।ग्रोवरनेकहाकिबच्चोंऔरउनकेपरिजनोंसेबातचीतकेबादवेप्रत्येककेलियेपुनर्वासयोजनातैयारकरसकतेहैं।केन्द्रकीओरसेअतिरिक्तसालिसीटरजनरलपिंकीआनंदनेकहाकिबालसंरक्षणनीतिकेमसौदेपरउन्हेंकरीब250सुझावमिलेहैंऔरचारसेछहमहीनेमेंइसेअंतिमरूपदियाजायेगा।पीठनेपिंकीआनंदकोइसमामलेमेंतीनसप्ताहबादप्रगतिरिपोर्टपेशकरनेकीअनुमतिदेदी।शीर्षअदालतनेजूनमेंजांचब्यूरोकोनिर्देशदियाथाकिइसमामलेमेंअप्राकृतिकयौनाचारकेआरोपोंकीभारतीयदंडसंहिताकीधारा377केतहतजांचकीजाये।इसकेअलावाजांचब्यूरोकोआश्रयगृहमेंलड़कियोंकेसाथकथितहिंसाकीवीडियोरिकार्डिगकेमामलेमेंसूचनाप्रौद्योगिकीकानूनकेतहतअपराधकीजांचकरनेकाभीनिर्देशदियाथा।केन्द्रीयजांचब्यूरोद्वारादायरआरोपपत्रकेआधारपरमुजफ्फरपुरकांडमेंदिल्लीकीअदालतमें21आरोपियोंपरमुकदमाचलरहाहै।शीर्षअदालतनेफरवरीमहीनेमेंयहमामलाबिहारसेदिल्लीकेसाकेतजिलाअदालतपरिसरमेंयौनअपराधोंसेबच्चोंकेसंरक्षणसंबंधीमामलोंकीसुनवाईकरनेवालीअदालतकोस्थानांतरितकरदियाथा।शीर्षअदालतनेटीआईएसएसकीरिपोर्टकेआधारपरबिहारके16अन्यआश्रयगृहोंमेंरहनेवालेबच्चोंकेशारीरिकऔरयौनशोषणकेआरोपोंकीजांचकरनेकानिर्देशकेन्द्रीयजांचब्यूरोकोदियाथा।