ल डल य जन delhi 2018

एकीकृत पारा शिक्षक संघर्ष मोर्चा की अधिकतर मांगों पर कार्रवाई की गई है। बार-बार प्रदर्शन, घेराव व हड़ताल से बच्चों की शिक्षा प्रभावित होती है। इस वैश्विक महामारी के कारण लंबे समय बाद बाद विद्यालय खुले हैं। ऐसे में बच्चों की पढ़ाई सुनिश्चित करने के स्थान पर धरना, प्रदर्शन, घेराव व हड़ताल करना उचित प्रतीत नहीं होता है। इसलिए विद्यालय में पारा शिक्षकों की उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। पारा शिक्षकों के धरना-प्रदर्शन के लिए विद्यालय से अनुपस्थिति रहने को अनधिकृत माना जाएगा। यह नो वर्क नो पे की श्रेणी में आएगा। इस अवधि में सिर्फ अति विशेष परिस्थिति यथा गंभीर बीमारी, अस्वस्थता की स्थिति में सक्षम प्राधिकार की ओर से मेडिकल प्रमाण पत्र के आधार पर अवकाश स्वीकृत किया जा सकेगा। इसकी सूचना नाम के साथ जिला शिक्षा अधीक्षक सह जिला कार्यक्रम पदाधिकारी को अनिवार्य रूप से देना होगा। विशेष रूप से पारा शिक्षकों के घेराव कार्यक्रम के समय विद्यालय में पारा शिक्षकों की उपस्थिति का सघन अनुश्रवण किया जाए एवं समेकित रूप से प्रतिदिन 3:00 बजे तक उपस्थिति विवरणी राज्य परियोजना कार्यालय को उपलब्ध कराई जाए। सरकारी काम में बाधा पहुंचाने, बिना सूचना एवं बिना सक्षम पदाधिकारी की स्वीकृति से विद्यालय से गायब रहने वाले शिक्षक के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए। पारा शिक्षकों की अनुपस्थिति में विद्यालय बंद न हो। यह सुनिश्चित किया जाए।